कानपुर में हुए यूपी बार काउंसिल चुनाव की मतगणना ने प्रदेश की सियासत और अधिवक्ता जगत में हलचल तेज कर दी है। शुरुआती रुझानों और प्रथम वरीयता मतों की गिनती में कानपुर के वरिष्ठ अधिवक्ता और निवर्तमान उपाध्यक्ष अनुराग पाण्डेय ने जबरदस्त बढ़त बनाते हुए प्रदेश भर में पहला स्थान हासिल कर लिया है। उन्होंने मौजूदा चेयरमैन शिवकिशोर गौर समेत कई दिग्गज प्रत्याशियों को पीछे छोड़ दिया है।
कानपुर के अधिवक्ताओं का भरोसा अनुराग पाण्डेय पर खुलकर दिखाई दिया। शहर में उन्हें सर्वाधिक 1575 प्रथम वरीयता मत मिले। वहीं योगेंद्र स्वरूप को 1143 वोट और अंकज मिश्रा को 981 मत प्राप्त हुए। शहर की मतगणना पूरी होने के बाद यह साफ हो गया कि कानपुर बार के वकीलों ने इस बार अपने स्थानीय उम्मीदवारों पर खुलकर भरोसा जताया है।
प्रदेश स्तरीय आंकड़ों की बात करें तो अनुराग पाण्डेय को अब तक कुल 3452 प्रथम वरीयता मत मिल चुके हैं, जिससे वे पूरे उत्तर प्रदेश में पहले स्थान पर पहुंच गए हैं। दूसरी ओर बुलंदशहर निवासी और मौजूदा चेयरमैन शिवकिशोर गौर 2923 वोटों के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गए हैं। बरेली के श्रीष मेहरोत्रा 2373 वोटों के साथ तीसरे नंबर पर बने हुए हैं।
बार काउंसिल चुनाव की मतगणना अभी जारी है और फिलहाल अंग्रेजी वर्णमाला के “के” अक्षर से शुरू होने वाले जिलों के मतों की गिनती हो रही है। कानपुर के बाद अब कासगंज की मतगणना जारी है। माना जा रहा है कि लखनऊ, प्रयागराज और वाराणसी जैसे बड़े जिलों की गिनती के बाद तस्वीर में कुछ बदलाव संभव है, लेकिन फिलहाल अनुराग पाण्डेय की बढ़त ने समर्थकों में उत्साह भर दिया है।
कानपुर में करीब साढ़े सात हजार अधिवक्ताओं ने मतदान किया था। प्रथम वरीयता मतों में सिर्फ 12 प्रत्याशी ही सौ का आंकड़ा पार कर सके। अजित शुक्ला को 445, नरेशचंद्र त्रिपाठी को 429, नदीम रऊफ खान को 336, श्रीराम को 244, विश्वनाथ कटियार को 205 और राजेंद्र अवस्थी को 201 वोट मिले। इसके अलावा रामप्रकाश गुप्ता, अनुराग श्रीवास्तव भोला और राहुलदेव शर्मा भी शतक लगाने वालों में शामिल रहे।
दिलचस्प बात यह रही कि प्रदेश के 333 उम्मीदवारों में से 112 प्रत्याशियों को कानपुर से एक भी वोट नहीं मिला। वहीं 265 उम्मीदवार ऐसे रहे जिन्हें केवल इकाई संख्या में वोट हासिल हुए। इससे साफ है कि कानपुर के अधिवक्ताओं ने इस बार चुनिंदा चेहरों पर ही भरोसा जताया।
अनुराग पाण्डेय के समर्थकों का दावा है कि अभी प्रयागराज, लखनऊ और प्रतापगढ़ जैसे जिलों से भी उन्हें भारी समर्थन मिलने की उम्मीद है। ऐसे में अंतिम परिणाम तक उनका प्रदेश में शीर्ष स्थान बरकरार रह सकता है। फिलहाल कानपुर बार में अनुराग पाण्डेय की बढ़त को लेकर समर्थकों में जश्न का माहौल है।



